Skip to main content
दिल तोड़कर वो मुस्कुरा रहे हैं हम आज भी उन्हें ही चाह रहे हैं।
जिसे अपना समझा था कभी वही आज सबसे पराया निकला।
आँखों में नींद नहीं बस तेरी यादों का बसेरा है।
हम खामोश रहे तो वो समझे नहीं कह दिया तो रिश्ता ही टूट गया।
तू पास होकर भी दूर सा लगता है दिल आज भी तेरा इंतज़ार करता है।
हर मुस्कान के पीछे दर्द छुपा है ये दिल अब अंदर से टूटा है।
वो बदल गए वक्त के साथ और हम आज भी वहीं खड़े हैं।
कभी सोचा ना था ऐसा दिन आएगा जिसे चाहा वही रुलाएगा।
दिल की किताब में तेरा नाम था अब बस दर्द ही अंजाम था।
हमने तो चाहा था उम्र भर साथ उन्हें बस कुछ पल का साथ था।
टूटे दिल की आवाज़ नहीं होती पर दर्द बहुत गहरा होता है।
तेरी यादों से बच नहीं पाते हर रात तुझे ही बुलाते।
जिसे दिल से चाहा वो मिला नहीं जो मिला वो कभी अपना लगा नहीं।
हमने खामोशी ओढ़ ली है अब शिकायतों का भी क्या करें।
वो कहते थे कभी ना छोड़ेंगे आज हम ही छोड़ दिए गए।
Comments
Post a Comment